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Kundli GPT

सोमवार, 14 अगस्त 2023

दैनिक पंचांग

चिंतन का दिन

आज सोमवार है। त्रयोदशी तिथि 10:25 बजे तक, फिर चतुर्दशी 12:43 (कल) बजे तक रहेगी। पुनर्वसु नक्षत्र 11:08 बजे तक, उसके बाद पुष्य 13:59 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग सिद्धि 16:41 बजे तक, फिर व्यतीपात योग 17:34 (कल) बजे तक। वणिज करण 10:25 बजे तक, उसके बाद विष्टि 23:33 बजे तक, फिर शकुनि 12:43 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (07:28 से 09:07) के दौरान टालें। चन्द्रमा कर्क राशि में है और सूर्य कर्क राशि में।

पुरुषोत्तम मास

अधिक श्रावण

18 जुलाई से 16 अगस्त, 2023 तक

पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • कृष्ण त्रयोदशी

      पिछले दिन 08:20 उसी दिन 10:25

    • कृष्ण चतुर्दशी

      उसी दिन 10:25 अगले दिन 12:43

    त्रयोदशी — उत्साह की तिथि। उत्सव और सक्रिय कार्यों के लिए शुभ।

  • सोमवार

    सोमवार — चंद्र द्वारा शासित। शांत और भावपूर्ण दिन; पारिवारिक कार्य, जल-सम्बन्धित कार्य और अध्ययन के लिए उपयुक्त।

  • श्रावण · भाद्रपद

नक्षत्र · योग · करण

    • पुनर्वसु

      पिछले दिन 08:27 उसी दिन 11:08

    • पुष्य

      उसी दिन 11:08 अगले दिन 13:59

    चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।

    • सिद्धि

      पिछले दिन 15:57 उसी दिन 16:41

    • व्यतीपात

      उसी दिन 16:41 अगले दिन 17:34

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • वणिज

      पिछले दिन 21:21 उसी दिन 10:25

    • विष्टि

      उसी दिन 10:25 उसी दिन 23:33

    • शकुनि

      उसी दिन 23:33 अगले दिन 12:43

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

कृष्ण त्रयोदशी · सोम

00 06 12 18 अमृत · 05:49 – 07:28 काल · 07:28 – 09:07 शुभ · 09:07 – 10:46 रोग · 10:46 – 12:25 उद्वेग · 12:25 – 14:04 चल · 14:04 – 15:43 लाभ · 15:43 – 17:22 अमृत · 17:22 – 19:01 चल · 19:01 – 20:22 रोग · 20:22 – 21:43 काल · 21:43 – 23:04 लाभ · 23:04 – 00:26 उद्वेग · 00:26 – 01:47 शुभ · 01:47 – 03:08 अमृत · 03:08 – 04:29 चल · 04:29 – 05:50 चल · 05:49 – 07:28 लाभ · 07:28 – 09:07 शून्य · 09:07 – 10:46 रोग · 10:46 – 12:25 शुभ · 12:25 – 14:04 काल · 14:04 – 15:43 अमृत · 15:43 – 17:22 उद्योग · 17:22 – 19:01 उद्योग · 19:01 – 20:22 अमृत · 20:22 – 21:43 शुभ · 21:43 – 23:04 काल · 23:04 – 00:26 रोग · 00:26 – 01:47 चल · 01:47 – 03:08 लाभ · 03:08 – 04:29 शून्य · 04:29 – 05:50 ब्रह्म मुहूर्त · 04:23 – 05:06 अभिजित मुहूर्त · 11:59 – 12:52 अमृत काल · 08:28 – 10:14 राहु काल · 07:28 – 09:07 यमगण्ड काल · 10:46 – 12:25 गुलिक काल · 14:04 – 15:43 वर्ज्यम् · 21:47 – 23:34

14 अग॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 39 मि
05:49
07:28
09:07
10:46
12:25
14:04
15:43
17:22

रात के समय

8 · 1 घं 21 मि
19:01
20:22
21:43
23:04
00:26
01:47
03:08
04:29

दिन के समय

8 · 1 घं 39 मि
05:49
07:28
09:07
10:46
12:25
14:04
15:43
17:22

रात के समय

8 · 1 घं 21 मि
19:01
20:22
21:43
23:04
00:26
01:47
03:08
04:29
04:23 05:06
11:59 12:52
08:28 10:14
07:28 09:07
10:46 12:25
14:04 15:43
21:47 23:34

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

14 अगस्त 2023 की तिथि क्या है?
14 अगस्त 2023 की तिथि कृष्ण त्रयोदशी है।
14 अगस्त 2023 का नक्षत्र क्या है?
14 अगस्त 2023 का नक्षत्र पुनर्वसु और योग सिद्धि है।
14 अगस्त 2023 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 05:49 पर तथा सूर्यास्त 19:01 पर होगा।
14 अगस्त 2023 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 07:28–09:07 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।