रविवार, 8 दिसंबर 2024
दैनिक पंचांग
आज रविवार है। सप्तमी तिथि 09:44 बजे तक, फिर अष्टमी 08:03 (कल) बजे तक रहेगी। शतभिषा नक्षत्र 16:02 बजे तक, उसके बाद पूर्व भाद्रपदा 14:55 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग वज्र 03:52 (कल) बजे तक, फिर सिद्धि योग 01:04 (कल) बजे तक। वणिज करण 09:44 बजे तक, उसके बाद विष्टि 20:56 बजे तक, फिर बव 08:03 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (16:06 से 17:24) के दौरान टालें। चन्द्रमा कुम्भ राशि में है और सूर्य वृश्चिक राशि में।
पुरुषोत्तम मास
अधिक मार्गशीर्ष
पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।
तिथि · वार · चान्द्र मास
शुक्ल सप्तमी
पिछले दिन11:06उसी दिन09:44
शुक्ल अष्टमी
उसी दिन09:44अगले दिन08:03
सप्तमी — सामान्यतः सहज और संतुलित तिथि। नियमित कार्यों और यात्रा के लिए शुभ।
रविवार
रविवार — सूर्य द्वारा शासित। तेज और नेतृत्व का दिन; नेतृत्व कार्य और स्वास्थ्य के लिए शुभ।
- अमान्तमार्गशीर्षपूर्णिमान्तमार्गशीर्ष
नक्षत्र · योग · करण
शतभिषा
पिछले दिन16:50उसी दिन16:02
पूर्व भाद्रपदा
उसी दिन16:02अगले दिन14:55
चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।
वज्र
उसी दिन06:25अगले दिन03:52
अशुभ योग — आज सूर्य-चंद्र की ऊर्जाएँ विरोधी हैं। बड़े नए उपक्रम परंपरा में टाले जाते हैं।
वणिज
पिछले दिन22:28उसी दिन09:44
विष्टि
उसी दिन09:44उसी दिन20:56
बव
उसी दिन20:56अगले दिन08:03
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।
शुक्ल सप्तमी · रवि
8 दिस॰
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8·1 घं 18 मि| 07:0108:19 | ||
| 08:1909:37 | ||
| 09:3710:55 | ||
| 10:5512:13 | ||
| 12:1313:30 | ||
| 13:3014:48 | ||
| 14:4816:06 | ||
| 16:0617:24 |
रात के समय
8·1 घं 42 मि| 17:2419:06 | ||
| 19:0620:48 | ||
| 20:4822:31 | ||
| 22:3100:13 | ||
| 00:1301:55 | ||
| 01:5503:37 | ||
| 03:3705:20 | ||
| 05:2007:02 |
दिन के समय
8·1 घं 18 मि| 07:0108:19 | ||
| 08:1909:37 | ||
| 09:3710:55 | ||
| 10:5512:13 | ||
| 12:1313:30 | ||
| 13:3014:48 | ||
| 14:4816:06 | ||
| 16:0617:24 |
रात के समय
8·1 घं 42 मि| 17:2419:06 | ||
| 19:0620:48 | ||
| 20:4822:31 | ||
| 22:3100:13 | ||
| 00:1301:55 | ||
| 01:5503:37 | ||
| 03:3705:20 | ||
| 05:2007:02 |
| 05:12→06:07 | ||
| 11:52→12:33 | ||
| 09:05→10:37 | ||
| 16:06→17:24 | ||
| 12:13→13:30 | ||
| 14:48→16:06 | ||
| 23:48→01:20 |
दिन के घंटे
12·52 मि| 07:0107:53 | ||
| 07:5308:45 | ||
| 08:4509:37 | ||
| 09:3710:29 | ||
| 10:2911:21 | ||
| 11:2112:13 | ||
| 12:1313:04 | ||
| 13:0413:56 | ||
| 13:5614:48 | ||
| 14:4815:40 | ||
| 15:4016:32 | ||
| 16:3217:24 |
रात के घंटे
12·1 घं 8 मि| 17:2418:32 | ||
| 18:3219:40 | ||
| 19:4020:48 | ||
| 20:4821:57 | ||
| 21:5723:05 | ||
| 23:0500:13 | ||
| 00:1301:21 | ||
| 01:2102:29 | ||
| 02:2903:37 | ||
| 03:3704:46 | ||
| 04:4605:54 | ||
| 05:5407:02 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 8 दिसंबर 2024 की तिथि क्या है?
- 8 दिसंबर 2024 की तिथि शुक्ल सप्तमी है।
- 8 दिसंबर 2024 का नक्षत्र क्या है?
- 8 दिसंबर 2024 का नक्षत्र शतभिषा और योग वज्र है।
- 8 दिसंबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 07:01 पर तथा सूर्यास्त 17:24 पर होगा।
- 8 दिसंबर 2024 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 16:06–17:24 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।

