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गुरुवार, 28 मार्च 2024

दैनिक पंचांग

  • संकष्टी चतुर्थी
चिंतन का दिन

आज गुरुवार है, कृष्ण पक्ष चल रहा है। आज संकष्टी चतुर्थी व्रत रखा जाता है। तृतीया तिथि शाम तक है, फिर चतुर्थी शुरू होगी। तृतीया शुभ तिथि है, यात्रा और उत्सव के लिए अच्छी। चन्द्रमा स्वाति नक्षत्र में शाम तक है, फिर विशाखा में। नया काम अभिजित मुहूर्त में शुरू करें, 12:01 से 12:51 बजे तक, और राहु काल में न करें, 13:59 से 15:31 बजे तक। चन्द्रमा तुला राशि में है और सूर्य मीन राशि में।

इस तिथि के पर्व

गुरुवार, 28 मार्च

संकष्टी चतुर्थी

व्रत

चंद्रोदय21:28

व्रत चंद्र दर्शन के बाद ही खोला जाता है; दिन वही है जिस दिन चतुर्थी रहते चंद्रोदय हो।

गणेश जी का मासिक व्रत — उस कृष्ण चतुर्थी को, जिस दिन चंद्रोदय के समय तिथि विद्यमान हो। भक्त सूर्योदय से उपवास रखते हैं और चंद्र दर्शन के बाद ही व्रत खोलते हैं; हर मास की संकष्टी का अपना नाम है, और मंगलवार की संकष्टी अंगारकी कहलाती है।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • कृष्ण तृतीया

      पिछले दिन 17:06 उसी दिन 18:57 तक

    • फिर

      कृष्ण चतुर्थी

      उसी दिन 18:57 अगले दिन 20:21

    तृतीया — सामान्यतः शुभ तिथि। यात्रा और उल्लासपूर्ण अवसरों के लिए उपयुक्त।

  • गुरुवार

    गुरुवार — गुरु (बृहस्पति) द्वारा शासित। सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।

  • अमान्तफाल्गुन
    पूर्णिमान्तचैत्र

नक्षत्र · योग · करण

    • स्वाति

      पिछले दिन 16:15 उसी दिन 18:37 तक

    • फिर

      विशाखा

      उसी दिन 18:37 अगले दिन 20:35

    चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।

    • हर्षण

      पिछले दिन 22:52 उसी दिन 23:11 तक

    • फिर

      वज्र

      उसी दिन 23:11 अगले दिन 23:10

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • विष्टि

      उसी दिन 06:04 उसी दिन 18:57 तक

    • फिर

      बव

      उसी दिन 18:57 अगले दिन 07:42

    विष्टि (भद्रा) करण — महत्त्वपूर्ण नए कार्यों के लिए परंपरा में टाला जाता है; सामान्य कार्य चलते हैं।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण तृतीया · गुरु

00061218शुभ · 06:15 – 07:48रोग · 07:48 – 09:20उद्वेग · 09:20 – 10:53चल · 10:53 – 12:26लाभ · 12:26 – 13:59अमृत · 13:59 – 15:31काल · 15:31 – 17:04शुभ · 17:04 – 18:37अमृत · 18:37 – 20:04चल · 20:04 – 21:31रोग · 21:31 – 22:58काल · 22:58 – 00:25लाभ · 00:25 – 01:52उद्वेग · 01:52 – 03:20शुभ · 03:20 – 04:47अमृत · 04:47 – 06:14शुभ · 06:15 – 07:48रोग · 07:48 – 09:20शून्य · 09:20 – 10:53लाभ · 10:53 – 12:26काल · 12:26 – 13:59चल · 13:59 – 15:31उद्योग · 15:31 – 17:04अमृत · 17:04 – 18:37लाभ · 18:37 – 20:04चल · 20:04 – 21:31शुभ · 21:31 – 22:58उद्योग · 22:58 – 00:25अमृत · 00:25 – 01:52शून्य · 01:52 – 03:20रोग · 03:20 – 04:47काल · 04:47 – 06:14ब्रह्म मुहूर्त · 04:42 – 05:29अभिजित मुहूर्त · 12:01 – 12:51अमृत काल · 08:57 – 10:43राहु काल · 13:59 – 15:31यमगण्ड काल · 06:15 – 07:48गुलिक काल · 09:20 – 10:53वर्ज्यम् · 22:24 – 00:10गुरु · 06:15 – 07:17मंगल · 07:17 – 08:19सूर्य · 08:19 – 09:20शुक्र · 09:20 – 10:22बुध · 10:22 – 11:24चंद्र · 11:24 – 12:26शनि · 12:26 – 13:28गुरु · 13:28 – 14:29मंगल · 14:29 – 15:31सूर्य · 15:31 – 16:33शुक्र · 16:33 – 17:35बुध · 17:35 – 18:37चंद्र · 18:37 – 19:35शनि · 19:35 – 20:33गुरु · 20:33 – 21:31मंगल · 21:31 – 22:29सूर्य · 22:29 – 23:27शुक्र · 23:27 – 00:25बुध · 00:25 – 01:23चंद्र · 01:23 – 02:21शनि · 02:21 – 03:20गुरु · 03:20 – 04:18मंगल · 04:18 – 05:16सूर्य · 05:16 – 06:14

28 मार्च

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8·1 घं 33 मि
06:15
07:48
09:20
10:53
12:26
13:59
15:31
17:04

रात के समय

8·1 घं 27 मि
18:37
20:04
21:31
22:58
00:25
01:52
03:20
04:47

दिन के समय

8·1 घं 33 मि
06:15
07:48
09:20
10:53
12:26
13:59
15:31
17:04

रात के समय

8·1 घं 27 मि
18:37
20:04
21:31
22:58
00:25
01:52
03:20
04:47
04:42→05:29
12:01→12:51
08:57→10:43
13:59→15:31
06:15→07:48
09:20→10:53
22:24→00:10

दिन के घंटे

12·1 घं 2 मि
06:15
07:17
08:19
09:20
10:22
11:24
12:26
13:28
14:29
15:31
16:33
17:35

रात के घंटे

12·58 मि
18:37
19:35
20:33
21:31
22:29
23:27
00:25
01:23
02:21
03:20
04:18
05:16

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

28 मार्च 2024 की तिथि क्या है?
28 मार्च 2024 की तिथि कृष्ण तृतीया है।
28 मार्च 2024 का नक्षत्र क्या है?
28 मार्च 2024 का नक्षत्र स्वाति और योग हर्षण है।
28 मार्च 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 06:15 पर तथा सूर्यास्त 18:37 पर होगा।
28 मार्च 2024 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 13:59–15:31 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।