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Kundli GPT

बुधवार, 22 मई 2024

दैनिक पंचांग

शुभ दिन

आज बुधवार है। चतुर्दशी तिथि 18:48 बजे तक, फिर पूर्णिमा 19:23 (कल) बजे तक रहेगी। स्वाति नक्षत्र 07:46 बजे तक, उसके बाद विशाखा 09:14 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग वरीयान् 12:36 बजे तक, फिर परिघ योग 12:11 (कल) बजे तक। गर करण 06:18 बजे तक, उसके बाद वणिज 18:48 बजे तक, फिर विष्टि 07:09 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (12:18 से 14:00) के दौरान टालें। चन्द्रमा तुला राशि में है और सूर्य वृषभ राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल चतुर्दशी

      पिछले दिन 17:40 उसी दिन 18:48

    • पूर्णिमा

      उसी दिन 18:48 अगले दिन 19:23

    चतुर्दशी — तीव्र और परिवर्तनकारी तिथि। बड़े निर्णय सावधानी से लेने चाहिए।

  • बुधवार

    बुधवार — बुध द्वारा शासित। संवाद और बुद्धि का दिन; अध्ययन, लेखन और व्यापार के लिए शुभ।

  • ज्येष्ठ · आषाढ़

नक्षत्र · योग · करण

    • स्वाति

      पिछले दिन 05:45 उसी दिन 07:46

    • विशाखा

      उसी दिन 07:46 अगले दिन 09:14

    चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।

    • वरीयान्

      पिछले दिन 12:34 उसी दिन 12:36

    • परिघ

      उसी दिन 12:36 अगले दिन 12:11

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • गर

      पिछले दिन 17:40 उसी दिन 06:18

    • वणिज

      उसी दिन 06:18 उसी दिन 18:48

    • विष्टि

      उसी दिन 18:48 अगले दिन 07:09

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल चतुर्दशी · बुध

00 06 12 18 लाभ · 05:26 – 07:09 अमृत · 07:09 – 08:52 काल · 08:52 – 10:35 शुभ · 10:35 – 12:18 रोग · 12:18 – 14:00 उद्वेग · 14:00 – 15:43 चल · 15:43 – 17:26 लाभ · 17:26 – 19:09 उद्वेग · 19:09 – 20:26 शुभ · 20:26 – 21:43 अमृत · 21:43 – 23:00 चल · 23:00 – 00:17 रोग · 00:17 – 01:34 काल · 01:34 – 02:52 लाभ · 02:52 – 04:09 उद्वेग · 04:09 – 05:26 लाभ · 05:26 – 07:09 शुभ · 07:09 – 08:52 अमृत · 08:52 – 10:35 चल · 10:35 – 12:18 उद्योग · 12:18 – 14:00 शून्य · 14:00 – 15:43 रोग · 15:43 – 17:26 काल · 17:26 – 19:09 शून्य · 19:09 – 20:26 रोग · 20:26 – 21:43 काल · 21:43 – 23:00 शुभ · 23:00 – 00:17 चल · 00:17 – 01:34 अमृत · 01:34 – 02:52 उद्योग · 02:52 – 04:09 लाभ · 04:09 – 05:26 ब्रह्म मुहूर्त · 04:04 – 04:45 अमृत काल · 22:14 – 23:58 राहु काल · 12:18 – 14:00 यमगण्ड काल · 07:09 – 08:52 गुलिक काल · 10:35 – 12:18 वर्ज्यम् · 11:49 – 13:34 बुध · 05:26 – 06:35 चंद्र · 06:35 – 07:43 शनि · 07:43 – 08:52 गुरु · 08:52 – 10:00 मंगल · 10:00 – 11:09 सूर्य · 11:09 – 12:18 शुक्र · 12:18 – 13:26 बुध · 13:26 – 14:35 चंद्र · 14:35 – 15:43 शनि · 15:43 – 16:52 गुरु · 16:52 – 18:00 मंगल · 18:00 – 19:09 सूर्य · 19:09 – 20:00 शुक्र · 20:00 – 20:52 बुध · 20:52 – 21:43 चंद्र · 21:43 – 22:34 शनि · 22:34 – 23:26 गुरु · 23:26 – 00:17 मंगल · 00:17 – 01:09 सूर्य · 01:09 – 02:00 शुक्र · 02:00 – 02:52 बुध · 02:52 – 03:43 चंद्र · 03:43 – 04:34 शनि · 04:34 – 05:26

22 मई

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 43 मि
05:26
07:09
08:52
10:35
12:18
14:00
15:43
17:26

रात के समय

8 · 1 घं 17 मि
19:09
20:26
21:43
23:00
00:17
01:34
02:52
04:09

दिन के समय

8 · 1 घं 43 मि
05:26
07:09
08:52
10:35
12:18
14:00
15:43
17:26

रात के समय

8 · 1 घं 17 मि
19:09
20:26
21:43
23:00
00:17
01:34
02:52
04:09
04:04 04:45
22:14 23:58
12:18 14:00
07:09 08:52
10:35 12:18
11:49 13:34

दिन के घंटे

12 · 1 घं 9 मि
05:26
06:35
07:43
08:52
10:00
11:09
12:18
13:26
14:35
15:43
16:52
18:00

रात के घंटे

12 · 51 मि
19:09
20:00
20:52
21:43
22:34
23:26
00:17
01:09
02:00
02:52
03:43
04:34

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

22 मई 2024 की तिथि क्या है?
22 मई 2024 की तिथि शुक्ल चतुर्दशी है।
22 मई 2024 का नक्षत्र क्या है?
22 मई 2024 का नक्षत्र स्वाति और योग वरीयान् है।
22 मई 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 05:26 पर तथा सूर्यास्त 19:09 पर होगा।
22 मई 2024 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 12:18–14:00 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।