Skip to main content
Kundli GPT

शनिवार, 25 अक्टूबर 2025

दैनिक पंचांग

शुभ दिन

आज शनिवार है। चतुर्थी तिथि 03:48 (कल) बजे तक, फिर पंचमी 06:05 (कल) बजे तक रहेगी। अनुराधा नक्षत्र 07:51 बजे तक, उसके बाद ज्येष्ठा 10:46 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग शोभन 06:44 (कल) बजे तक, फिर अतिगण्ड योग 07:25 (कल) बजे तक। वणिज करण 14:35 बजे तक, उसके बाद विष्टि 03:48 (कल) बजे तक, फिर बव 16:59 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (09:16 से 10:40) के दौरान टालें। चन्द्रमा वृश्चिक राशि में है और सूर्य तुला राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल चतुर्थी

      उसी दिन 01:19 अगले दिन 03:48

    चतुर्थी — गणेश को समर्पित। पूजा-पाठ और विघ्न निवारण के लिए श्रेष्ठ; बड़े नए कार्यों के लिए कम उपयुक्त।

  • शनिवार

    शनिवार — शनि द्वारा शासित। अनुशासित और गंभीर दिन; अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त, नए आरंभ के लिए कम।

  • कार्तिक · मार्गशीर्ष

नक्षत्र · योग · करण

    • अनुराधा

      पिछले दिन 04:50 उसी दिन 07:51

    • ज्येष्ठा

      उसी दिन 07:51 अगले दिन 10:46

    मृदु नक्षत्र — संगीत, मैत्री और चिकित्सा जैसी कोमल गतिविधियों के लिए शुभ।

    • शोभन

      उसी दिन 05:53 अगले दिन 06:44

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • वणिज

      उसी दिन 01:19 उसी दिन 14:35

    • विष्टि

      उसी दिन 14:35 अगले दिन 03:48

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल चतुर्थी · शनि

00 06 12 18 काल · 06:28 – 07:52 शुभ · 07:52 – 09:16 रोग · 09:16 – 10:40 उद्वेग · 10:40 – 12:05 चल · 12:05 – 13:29 लाभ · 13:29 – 14:53 अमृत · 14:53 – 16:17 काल · 16:17 – 17:41 काल · 17:41 – 19:17 लाभ · 19:17 – 20:53 उद्वेग · 20:53 – 22:29 शुभ · 22:29 – 00:05 अमृत · 00:05 – 01:41 चल · 01:41 – 03:17 रोग · 03:17 – 04:53 काल · 04:53 – 06:28 काल · 06:28 – 07:52 चल · 07:52 – 09:16 उद्योग · 09:16 – 10:40 अमृत · 10:40 – 12:05 लाभ · 12:05 – 13:29 रोग · 13:29 – 14:53 शुभ · 14:53 – 16:17 शून्य · 16:17 – 17:41 अमृत · 17:41 – 19:17 रोग · 19:17 – 20:53 शून्य · 20:53 – 22:29 उद्योग · 22:29 – 00:05 शुभ · 00:05 – 01:41 लाभ · 01:41 – 03:17 चल · 03:17 – 04:53 काल · 04:53 – 06:28 ब्रह्म मुहूर्त · 04:46 – 05:37 अभिजित मुहूर्त · 11:42 – 12:27 अमृत काल · 20:08 – 21:56 राहु काल · 09:16 – 10:40 यमगण्ड काल · 13:29 – 14:53 गुलिक काल · 06:28 – 07:52 वर्ज्यम् · 09:20 – 11:08 शनि · 06:28 – 07:24 गुरु · 07:24 – 08:20 मंगल · 08:20 – 09:16 सूर्य · 09:16 – 10:12 शुक्र · 10:12 – 11:08 बुध · 11:08 – 12:05 चंद्र · 12:05 – 13:01 शनि · 13:01 – 13:57 गुरु · 13:57 – 14:53 मंगल · 14:53 – 15:49 सूर्य · 15:49 – 16:45 शुक्र · 16:45 – 17:41 बुध · 17:41 – 18:45 चंद्र · 18:45 – 19:49 शनि · 19:49 – 20:53 गुरु · 20:53 – 21:57 मंगल · 21:57 – 23:01 सूर्य · 23:01 – 00:05 शुक्र · 00:05 – 01:09 बुध · 01:09 – 02:13 चंद्र · 02:13 – 03:17 शनि · 03:17 – 04:21 गुरु · 04:21 – 05:25 मंगल · 05:25 – 06:28

25 अक्टू॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 24 मि
06:28
07:52
09:16
10:40
12:05
13:29
14:53
16:17

रात के समय

8 · 1 घं 36 मि
17:41
19:17
20:53
22:29
00:05
01:41
03:17
04:53

दिन के समय

8 · 1 घं 24 मि
06:28
07:52
09:16
10:40
12:05
13:29
14:53
16:17

रात के समय

8 · 1 घं 36 मि
17:41
19:17
20:53
22:29
00:05
01:41
03:17
04:53
04:46 05:37
11:42 12:27
20:08 21:56
09:16 10:40
13:29 14:53
06:28 07:52
09:20 11:08

दिन के घंटे

12 · 56 मि
06:28
07:24
08:20
09:16
10:12
11:08
12:05
13:01
13:57
14:53
15:49
16:45

रात के घंटे

12 · 1 घं 4 मि
17:41
18:45
19:49
20:53
21:57
23:01
00:05
01:09
02:13
03:17
04:21
05:25

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

25 अक्टूबर 2025 की तिथि क्या है?
25 अक्टूबर 2025 की तिथि शुक्ल चतुर्थी है।
25 अक्टूबर 2025 का नक्षत्र क्या है?
25 अक्टूबर 2025 का नक्षत्र अनुराधा और योग शोभन है।
25 अक्टूबर 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:28 पर तथा सूर्यास्त 17:41 पर होगा।
25 अक्टूबर 2025 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 09:16–10:40 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।