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Kundli GPT

मंगलवार, 3 सितंबर 2024

दैनिक पंचांग

चिंतन का दिन

आज मंगलवार है। अमावस्या तिथि 07:25 बजे तक, फिर प्रतिपदा 09:47 (कल) बजे तक रहेगी। पूर्व फाल्गुनी नक्षत्र 03:10 (कल) बजे तक, उसके बाद उत्तर फाल्गुनी 06:13 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग सिद्ध 19:04 बजे तक, फिर साध्य योग 20:01 (कल) बजे तक। नाग करण 07:25 बजे तक, उसके बाद किंस्तुघ्न 20:34 बजे तक, फिर बव 09:47 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (15:30 से 17:05) के दौरान टालें। चन्द्रमा सिंह राशि में है और सूर्य सिंह राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • अमावस्या

      पिछले दिन 05:22 उसी दिन 07:25

    • शुक्ल प्रतिपदा

      उसी दिन 07:25 अगले दिन 09:47

    पूर्णिमा अथवा अमावस्या — पूर्ण या नव चंद्र की तिथि। भक्ति, समापन और संकल्प के लिए विशेष ऊर्जावान दिन।

  • मंगलवार

    मंगलवार — मंगल द्वारा शासित। ऊर्जावान और साहसी दिन; कर्म और शारीरिक कार्य के लिए शुभ, संवेदनशील मामलों के लिए कम।

  • भाद्रपद · आश्विन

नक्षत्र · योग · करण

    • पूर्व फाल्गुनी · पाद 1

      उसी दिन 00:19 अगले दिन 03:10

    उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।

    • सिद्ध

      पिछले दिन 18:18 उसी दिन 19:04

    • साध्य

      उसी दिन 19:04 अगले दिन 20:01

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • नाग

      पिछले दिन 18:21 उसी दिन 07:25

    • किंस्तुघ्न

      उसी दिन 07:25 उसी दिन 20:34

    • बव

      उसी दिन 20:34 अगले दिन 09:47

    स्थिर करण — मास के अंत में ही आते हैं और परिवर्तन का संकेत देते हैं। अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

अमावस्या · मंगल

00 06 12 18 रोग · 06:00 – 07:35 उद्वेग · 07:35 – 09:10 चल · 09:10 – 10:45 लाभ · 10:45 – 12:20 अमृत · 12:20 – 13:55 काल · 13:55 – 15:30 शुभ · 15:30 – 17:05 रोग · 17:05 – 18:40 लाभ · 18:40 – 20:05 उद्वेग · 20:05 – 21:30 शुभ · 21:30 – 22:55 अमृत · 22:55 – 00:20 चल · 00:20 – 01:45 रोग · 01:45 – 03:10 काल · 03:10 – 04:35 लाभ · 04:35 – 06:00 रोग · 06:00 – 07:35 काल · 07:35 – 09:10 लाभ · 09:10 – 10:45 उद्योग · 10:45 – 12:20 चल · 12:20 – 13:55 अमृत · 13:55 – 15:30 शून्य · 15:30 – 17:05 शुभ · 17:05 – 18:40 काल · 18:40 – 20:05 शून्य · 20:05 – 21:30 रोग · 21:30 – 22:55 लाभ · 22:55 – 00:20 अमृत · 00:20 – 01:45 उद्योग · 01:45 – 03:10 चल · 03:10 – 04:35 शुभ · 04:35 – 06:00 ब्रह्म मुहूर्त · 04:29 – 05:15 अभिजित मुहूर्त · 11:54 – 12:45 अमृत काल · 20:00 – 21:47 राहु काल · 15:30 – 17:05 यमगण्ड काल · 09:10 – 10:45 गुलिक काल · 12:20 – 13:55 वर्ज्यम् · 09:16 – 11:03 मंगल · 06:00 – 07:03 सूर्य · 07:03 – 08:06 शुक्र · 08:06 – 09:10 बुध · 09:10 – 10:13 चंद्र · 10:13 – 11:16 शनि · 11:16 – 12:20 गुरु · 12:20 – 13:23 मंगल · 13:23 – 14:26 सूर्य · 14:26 – 15:30 शुक्र · 15:30 – 16:33 बुध · 16:33 – 17:36 चंद्र · 17:36 – 18:40 शनि · 18:40 – 19:36 गुरु · 19:36 – 20:33 मंगल · 20:33 – 21:30 सूर्य · 21:30 – 22:26 शुक्र · 22:26 – 23:23 बुध · 23:23 – 00:20 चंद्र · 00:20 – 01:17 शनि · 01:17 – 02:13 गुरु · 02:13 – 03:10 मंगल · 03:10 – 04:07 सूर्य · 04:07 – 05:04 शुक्र · 05:04 – 06:00

3 सित॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 35 मि
06:00
07:35
09:10
10:45
12:20
13:55
15:30
17:05

रात के समय

8 · 1 घं 25 मि
18:40
20:05
21:30
22:55
00:20
01:45
03:10
04:35

दिन के समय

8 · 1 घं 35 मि
06:00
07:35
09:10
10:45
12:20
13:55
15:30
17:05

रात के समय

8 · 1 घं 25 मि
18:40
20:05
21:30
22:55
00:20
01:45
03:10
04:35
04:29 05:15
11:54 12:45
20:00 21:47
15:30 17:05
09:10 10:45
12:20 13:55
09:16 11:03

दिन के घंटे

12 · 1 घं 3 मि
06:00
07:03
08:06
09:10
10:13
11:16
12:20
13:23
14:26
15:30
16:33
17:36

रात के घंटे

12 · 57 मि
18:40
19:36
20:33
21:30
22:26
23:23
00:20
01:17
02:13
03:10
04:07
05:04

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

3 सितंबर 2024 की तिथि क्या है?
3 सितंबर 2024 की तिथि अमावस्या है।
3 सितंबर 2024 का नक्षत्र क्या है?
3 सितंबर 2024 का नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी और योग सिद्ध है।
3 सितंबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:00 पर तथा सूर्यास्त 18:40 पर होगा।
3 सितंबर 2024 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 15:30–17:05 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।