वट सावित्री
मंगलवार, 27 मई 2025
विवाहित स्त्रियाँ वट वृक्ष की परिक्रमा और पूजा कर पति की दीर्घायु के लिए प्रार्थना करती हैं, सावित्री द्वारा सत्यवान को यमराज से वापस लाने की कथा का स्मरण करते हुए।
तिथि · वार · चान्द्र मास
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अमावस्या
पिछले दिन 12:12 उसी दिन 08:32
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शुक्ल प्रतिपदा
उसी दिन 08:32 अगले दिन 05:02
पूर्णिमा अथवा अमावस्या — पूर्ण या नव चंद्र की तिथि। भक्ति, समापन और संकल्प के लिए विशेष ऊर्जावान दिन।
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मंगलवार
मंगलवार — मंगल द्वारा शासित। ऊर्जावान और साहसी दिन; कर्म और शारीरिक कार्य के लिए शुभ, संवेदनशील मामलों के लिए कम।
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ज्येष्ठ · आषाढ़
नक्षत्र · योग · करण
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कृत्तिका
पिछले दिन 08:23 उसी दिन 05:32
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रोहिणी
उसी दिन 05:32 अगले दिन 02:50
मिश्र नक्षत्र — मिली-जुली ऊर्जा; कार्य की प्रकृति दिन के अनुरूप चुनें।
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सुकर्मा
उसी दिन 02:54 उसी दिन 22:53
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धृति
उसी दिन 22:53 अगले दिन 19:07
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
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नाग
पिछले दिन 22:21 उसी दिन 08:32
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किंस्तुघ्न
उसी दिन 08:32 उसी दिन 18:45
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बव
उसी दिन 18:45 अगले दिन 05:02
स्थिर करण — मास के अंत में ही आते हैं और परिवर्तन का संकेत देते हैं। अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त।
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मंगलवार, 27 मई 2025