रविवार, 7 अप्रैल 2024
दैनिक पंचांग
आज रविवार है। त्रयोदशी तिथि 06:54 बजे तक, फिर चतुर्दशी 03:21 (कल) बजे तक रहेगी। पूर्व भाद्रपदा नक्षत्र 12:58 बजे तक, उसके बाद उत्तर भाद्रपदा 10:12 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग ब्रह्म 22:16 बजे तक, फिर ऐन्द्र योग 18:13 (कल) बजे तक। वणिज करण 06:54 बजे तक, उसके बाद विष्टि 17:08 बजे तक, फिर शकुनि 03:21 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (17:07 से 18:42) के दौरान टालें। चन्द्रमा कुम्भ राशि में है और सूर्य मीन राशि में।
पुरुषोत्तम मास
अधिक फाल्गुन
पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।
तिथि · वार · चान्द्र मास
कृष्ण त्रयोदशी
पिछले दिन10:19उसी दिन06:54
कृष्ण चतुर्दशी
उसी दिन06:54अगले दिन03:21
त्रयोदशी — उत्साह की तिथि। उत्सव और सक्रिय कार्यों के लिए शुभ।
रविवार
रविवार — सूर्य द्वारा शासित। तेज और नेतृत्व का दिन; नेतृत्व कार्य और स्वास्थ्य के लिए शुभ।
- अमान्तफाल्गुनपूर्णिमान्तचैत्र
नक्षत्र · योग · करण
पूर्व भाद्रपदा
पिछले दिन15:39उसी दिन12:58
उत्तर भाद्रपदा
उसी दिन12:58अगले दिन10:12
उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।
ब्रह्म
उसी दिन02:19उसी दिन22:16
ऐन्द्र
उसी दिन22:16अगले दिन18:13
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
वणिज
पिछले दिन20:38उसी दिन06:54
विष्टि
उसी दिन06:54उसी दिन17:08
शकुनि
उसी दिन17:08अगले दिन03:21
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।
कृष्ण त्रयोदशी · रवि
7 अप्रैल
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8·1 घं 35 मि| 06:0407:39 | ||
| 07:3909:13 | ||
| 09:1310:48 | ||
| 10:4812:23 | ||
| 12:2313:58 | ||
| 13:5815:33 | ||
| 15:3317:07 | ||
| 17:0718:42 |
रात के समय
8·1 घं 25 मि| 18:4220:07 | ||
| 20:0721:32 | ||
| 21:3222:57 | ||
| 22:5700:22 | ||
| 00:2201:47 | ||
| 01:4703:12 | ||
| 03:1204:38 | ||
| 04:3806:03 |
दिन के समय
8·1 घं 35 मि| 06:0407:39 | ||
| 07:3909:13 | ||
| 09:1310:48 | ||
| 10:4812:23 | ||
| 12:2313:58 | ||
| 13:5815:33 | ||
| 15:3317:07 | ||
| 17:0718:42 |
रात के समय
8·1 घं 25 मि| 18:4220:07 | ||
| 20:0721:32 | ||
| 21:3222:57 | ||
| 22:5700:22 | ||
| 00:2201:47 | ||
| 01:4703:12 | ||
| 03:1204:38 | ||
| 04:3806:03 |
| 04:33→05:18 | ||
| 11:58→12:48 | ||
| 05:51→07:17 | ||
| 17:07→18:42 | ||
| 12:23→13:58 | ||
| 15:33→17:07 | ||
| 21:20→22:45 |
दिन के घंटे
12·1 घं 3 मि| 06:0407:07 | ||
| 07:0708:10 | ||
| 08:1009:13 | ||
| 09:1310:17 | ||
| 10:1711:20 | ||
| 11:2012:23 | ||
| 12:2313:26 | ||
| 13:2614:29 | ||
| 14:2915:33 | ||
| 15:3316:36 | ||
| 16:3617:39 | ||
| 17:3918:42 |
रात के घंटे
12·57 मि| 18:4219:39 | ||
| 19:3920:36 | ||
| 20:3621:32 | ||
| 21:3222:29 | ||
| 22:2923:26 | ||
| 23:2600:22 | ||
| 00:2201:19 | ||
| 01:1902:16 | ||
| 02:1603:12 | ||
| 03:1204:09 | ||
| 04:0905:06 | ||
| 05:0606:03 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 7 अप्रैल 2024 की तिथि क्या है?
- 7 अप्रैल 2024 की तिथि कृष्ण त्रयोदशी है।
- 7 अप्रैल 2024 का नक्षत्र क्या है?
- 7 अप्रैल 2024 का नक्षत्र पूर्व भाद्रपदा और योग ब्रह्म है।
- 7 अप्रैल 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 06:04 पर तथा सूर्यास्त 18:42 पर होगा।
- 7 अप्रैल 2024 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 17:07–18:42 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।

