Skip to main content
Kundli GPT

शुक्रवार, 27 फ़रवरी 2026

दैनिक पंचांग

शुभ दिन

आज शुक्रवार है। एकादशी तिथि 22:33 बजे तक, फिर द्वादशी 20:43 (कल) बजे तक रहेगी। आर्द्रा नक्षत्र 10:48 बजे तक, उसके बाद पुनर्वसु 09:34 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग आयुष्मान् 19:42 बजे तक, फिर सौभाग्य योग 17:01 (कल) बजे तक। वणिज करण 11:32 बजे तक, उसके बाद विष्टि 22:33 बजे तक, फिर बव 09:36 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (11:07 से 12:34) के दौरान टालें। चन्द्रमा मिथुन राशि में है और सूर्य कुम्भ राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • आमलकी एकादशी

      उसी दिन 00:33 उसी दिन 22:33

    • शुक्ल द्वादशी

      उसी दिन 22:33 अगले दिन 20:43

    एकादशी — अनेक लोगों के लिए उपवास का दिन। आध्यात्मिक रूप से महत्त्वपूर्ण और आत्म-चिंतन की तिथि।

  • शुक्रवार

    शुक्रवार — शुक्र द्वारा शासित। सौम्य और सुखद दिन; कला, सम्बन्ध और सौंदर्य-सम्बन्धित कार्यों के लिए शुभ।

  • फाल्गुन · चैत्र

नक्षत्र · योग · करण

    • आर्द्रा

      पिछले दिन 12:10 उसी दिन 10:48

    • पुनर्वसु

      उसी दिन 10:48 अगले दिन 09:34

    तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।

    • आयुष्मान्

      पिछले दिन 22:32 उसी दिन 19:42

    • सौभाग्य

      उसी दिन 19:42 अगले दिन 17:01

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • वणिज

      उसी दिन 00:33 उसी दिन 11:32

    • विष्टि

      उसी दिन 11:32 उसी दिन 22:33

    • बव

      उसी दिन 22:33 अगले दिन 09:36

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल एकादशी · शुक्र

00 06 12 18 चल · 06:48 – 08:14 लाभ · 08:14 – 09:41 अमृत · 09:41 – 11:07 काल · 11:07 – 12:34 शुभ · 12:34 – 14:00 रोग · 14:00 – 15:26 उद्वेग · 15:26 – 16:53 चल · 16:53 – 18:19 रोग · 18:19 – 19:53 काल · 19:53 – 21:26 लाभ · 21:26 – 23:00 उद्वेग · 23:00 – 00:33 शुभ · 00:33 – 02:07 अमृत · 02:07 – 03:40 चल · 03:40 – 05:14 रोग · 05:14 – 06:47 अमृत · 06:48 – 08:14 उद्योग · 08:14 – 09:41 चल · 09:41 – 11:07 काल · 11:07 – 12:34 शून्य · 12:34 – 14:00 लाभ · 14:00 – 15:26 शुभ · 15:26 – 16:53 रोग · 16:53 – 18:19 शुभ · 18:19 – 19:53 शून्य · 19:53 – 21:26 लाभ · 21:26 – 23:00 चल · 23:00 – 00:33 रोग · 00:33 – 02:07 काल · 02:07 – 03:40 अमृत · 03:40 – 05:14 उद्योग · 05:14 – 06:47 ब्रह्म मुहूर्त · 05:08 – 05:58 अभिजित मुहूर्त · 12:11 – 12:57 अमृत काल · 01:22 – 02:53 राहु काल · 11:07 – 12:34 यमगण्ड काल · 15:26 – 16:53 गुलिक काल · 08:14 – 09:41 वर्ज्यम् · 20:06 – 21:36 शुक्र · 06:48 – 07:46 बुध · 07:46 – 08:43 चंद्र · 08:43 – 09:41 शनि · 09:41 – 10:38 गुरु · 10:38 – 11:36 मंगल · 11:36 – 12:34 सूर्य · 12:34 – 13:31 शुक्र · 13:31 – 14:29 बुध · 14:29 – 15:26 चंद्र · 15:26 – 16:24 शनि · 16:24 – 17:22 गुरु · 17:22 – 18:19 मंगल · 18:19 – 19:21 सूर्य · 19:21 – 20:24 शुक्र · 20:24 – 21:26 बुध · 21:26 – 22:28 चंद्र · 22:28 – 23:31 शनि · 23:31 – 00:33 गुरु · 00:33 – 01:35 मंगल · 01:35 – 02:38 सूर्य · 02:38 – 03:40 शुक्र · 03:40 – 04:42 बुध · 04:42 – 05:45 चंद्र · 05:45 – 06:47

27 फ़र॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 26 मि
06:48
08:14
09:41
11:07
12:34
14:00
15:26
16:53

रात के समय

8 · 1 घं 33 मि
18:19
19:53
21:26
23:00
00:33
02:07
03:40
05:14

दिन के समय

8 · 1 घं 26 मि
06:48
08:14
09:41
11:07
12:34
14:00
15:26
16:53

रात के समय

8 · 1 घं 33 मि
18:19
19:53
21:26
23:00
00:33
02:07
03:40
05:14
05:08 05:58
12:11 12:57
01:22 02:53
11:07 12:34
15:26 16:53
08:14 09:41
20:06 21:36

दिन के घंटे

12 · 58 मि
06:48
07:46
08:43
09:41
10:38
11:36
12:34
13:31
14:29
15:26
16:24
17:22

रात के घंटे

12 · 1 घं 2 मि
18:19
19:21
20:24
21:26
22:28
23:31
00:33
01:35
02:38
03:40
04:42
05:45

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

27 फ़रवरी 2026 की तिथि क्या है?
27 फ़रवरी 2026 की तिथि शुक्ल एकादशी है।
27 फ़रवरी 2026 का नक्षत्र क्या है?
27 फ़रवरी 2026 का नक्षत्र आर्द्रा और योग आयुष्मान् है।
27 फ़रवरी 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:48 पर तथा सूर्यास्त 18:19 पर होगा।
27 फ़रवरी 2026 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 11:07–12:34 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।