सोमवार, 27 जुलाई 2026
दैनिक पंचांग
आज सोमवार है। त्रयोदशी तिथि 16:15 बजे तक, फिर चतुर्दशी 18:19 (कल) बजे तक रहेगी। मूल नक्षत्र 10:29 बजे तक, उसके बाद पूर्व आषाढ़ा 13:11 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग वैधृति 22:56 बजे तक, फिर विष्कुम्भ योग 23:34 (कल) बजे तक। तैतिल करण 16:15 बजे तक, उसके बाद गर 05:19 (कल) बजे तक, फिर वणिज 18:19 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (07:21 से 09:03) के दौरान टालें। चन्द्रमा धनु राशि में है और सूर्य कर्क राशि में।
तिथि · वार · चान्द्र मास
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शुक्ल त्रयोदशी
पिछले दिन 13:58 उसी दिन 16:15
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शुक्ल चतुर्दशी
उसी दिन 16:15 अगले दिन 18:19
त्रयोदशी — उत्साह की तिथि। उत्सव और सक्रिय कार्यों के लिए शुभ।
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सोमवार
सोमवार — चंद्र द्वारा शासित। शांत और भावपूर्ण दिन; पारिवारिक कार्य, जल-सम्बन्धित कार्य और अध्ययन के लिए उपयुक्त।
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श्रावण · भाद्रपद
नक्षत्र · योग · करण
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मूल
पिछले दिन 07:35 उसी दिन 10:29
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पूर्व आषाढ़ा
उसी दिन 10:29 अगले दिन 13:11
तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।
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वैधृति
पिछले दिन 22:06 उसी दिन 22:56
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विष्कुम्भ
उसी दिन 22:56 अगले दिन 23:34
अशुभ योग — आज सूर्य-चंद्र की ऊर्जाएँ विरोधी हैं। बड़े नए उपक्रम परंपरा में टाले जाते हैं।
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तैतिल
उसी दिन 03:08 उसी दिन 16:15
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गर
उसी दिन 16:15 अगले दिन 05:19
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
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एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
शुक्ल त्रयोदशी · सोम
27 जुल॰
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8 · 1 घं 42 मि| 05:39 07:21 | ||
| 07:21 09:03 | ||
| 09:03 10:45 | ||
| 10:45 12:27 | ||
| 12:27 14:09 | ||
| 14:09 15:51 | ||
| 15:51 17:33 | ||
| 17:33 19:15 |
रात के समय
8 · 1 घं 18 मि| 19:15 20:33 | ||
| 20:33 21:51 | ||
| 21:51 23:09 | ||
| 23:09 00:27 | ||
| 00:27 01:45 | ||
| 01:45 03:04 | ||
| 03:04 04:22 | ||
| 04:22 05:40 |
दिन के समय
8 · 1 घं 42 मि| 05:39 07:21 | ||
| 07:21 09:03 | ||
| 09:03 10:45 | ||
| 10:45 12:27 | ||
| 12:27 14:09 | ||
| 14:09 15:51 | ||
| 15:51 17:33 | ||
| 17:33 19:15 |
रात के समय
8 · 1 घं 18 मि| 19:15 20:33 | ||
| 20:33 21:51 | ||
| 21:51 23:09 | ||
| 23:09 00:27 | ||
| 00:27 01:45 | ||
| 01:45 03:04 | ||
| 03:04 04:22 | ||
| 04:22 05:40 |
| 04:16 → 04:58 | ||
| 12:00 → 12:54 | ||
| 03:19 → 05:06 | ||
| 07:21 → 09:03 | ||
| 10:45 → 12:27 | ||
| 14:09 → 15:51 | ||
| 16:33 → 18:21 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 27 जुलाई 2026 की तिथि क्या है?
- 27 जुलाई 2026 की तिथि शुक्ल त्रयोदशी है।
- 27 जुलाई 2026 का नक्षत्र क्या है?
- 27 जुलाई 2026 का नक्षत्र मूल और योग वैधृति है।
- 27 जुलाई 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 05:39 पर तथा सूर्यास्त 19:15 पर होगा।
- 27 जुलाई 2026 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 07:21–09:03 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।