गुरुवार, 12 जून 2025
दैनिक पंचांग
आज गुरुवार है। प्रतिपदा तिथि 14:28 बजे तक, फिर द्वितीया 15:19 (कल) बजे तक रहेगी। मूल नक्षत्र 21:58 बजे तक, उसके बाद पूर्व आषाढ़ा 23:21 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग शुभ 14:06 बजे तक, फिर शुक्ल योग 13:49 (कल) बजे तक। कौलव करण 14:28 बजे तक, उसके बाद तैतिल 02:56 (कल) बजे तक, फिर गर 15:19 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (14:05 से 15:50) के दौरान टालें। चन्द्रमा धनु राशि में है और सूर्य वृषभ राशि में।
तिथि · वार · चान्द्र मास
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कृष्ण प्रतिपदा
पिछले दिन 13:13 उसी दिन 14:28
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कृष्ण द्वितीया
उसी दिन 14:28 अगले दिन 15:19
प्रतिपदा — प्रथम तिथि। नए आरंभ और नींव रखने के लिए शुभ मानी जाती है।
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गुरुवार
गुरुवार — गुरु (बृहस्पति) द्वारा शासित। सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
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ज्येष्ठ · आषाढ़
नक्षत्र · योग · करण
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मूल
पिछले दिन 20:11 उसी दिन 21:58
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पूर्व आषाढ़ा
उसी दिन 21:58 अगले दिन 23:21
तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।
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शुभ
पिछले दिन 14:05 उसी दिन 14:06
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शुक्ल
उसी दिन 14:06 अगले दिन 13:49
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
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कौलव
उसी दिन 01:53 उसी दिन 14:28
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तैतिल
उसी दिन 14:28 अगले दिन 02:56
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
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एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
कृष्ण प्रतिपदा · गुरु
12 जून
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8 · 1 घं 45 मि| 05:22 07:07 | ||
| 07:07 08:51 | ||
| 08:51 10:36 | ||
| 10:36 12:21 | ||
| 12:21 14:05 | ||
| 14:05 15:50 | ||
| 15:50 17:34 | ||
| 17:34 19:19 |
रात के समय
8 · 1 घं 15 मि| 19:19 20:34 | ||
| 20:34 21:50 | ||
| 21:50 23:05 | ||
| 23:05 00:21 | ||
| 00:21 01:36 | ||
| 01:36 02:51 | ||
| 02:51 04:07 | ||
| 04:07 05:22 |
दिन के समय
8 · 1 घं 45 मि| 05:22 07:07 | ||
| 07:07 08:51 | ||
| 08:51 10:36 | ||
| 10:36 12:21 | ||
| 12:21 14:05 | ||
| 14:05 15:50 | ||
| 15:50 17:34 | ||
| 17:34 19:19 |
रात के समय
8 · 1 घं 15 मि| 19:19 20:34 | ||
| 20:34 21:50 | ||
| 21:50 23:05 | ||
| 23:05 00:21 | ||
| 00:21 01:36 | ||
| 01:36 02:51 | ||
| 02:51 04:07 | ||
| 04:07 05:22 |
| 04:02 → 04:42 | ||
| 11:53 → 12:48 | ||
| 15:05 → 16:48 | ||
| 14:05 → 15:50 | ||
| 05:22 → 07:07 | ||
| 08:51 → 10:36 | ||
| 04:47 → 06:30 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 12 जून 2025 की तिथि क्या है?
- 12 जून 2025 की तिथि कृष्ण प्रतिपदा है।
- 12 जून 2025 का नक्षत्र क्या है?
- 12 जून 2025 का नक्षत्र मूल और योग शुभ है।
- 12 जून 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 05:22 पर तथा सूर्यास्त 19:19 पर होगा।
- 12 जून 2025 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 14:05–15:50 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।