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Kundli GPT

गुरुवार, 17 जून 2027

दैनिक पंचांग

शुभ दिन

आज गुरुवार है। चतुर्दशी तिथि 04:35 (कल) बजे तक, फिर पूर्णिमा 06:14 (कल) बजे तक रहेगी। अनुराधा नक्षत्र 21:31 बजे तक, उसके बाद ज्येष्ठा 23:41 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग सिद्ध 05:54 बजे तक, फिर साध्य योग 05:57 (कल) बजे तक। गर करण 15:54 बजे तक, उसके बाद वणिज 04:35 (कल) बजे तक, फिर विष्टि 17:21 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (14:06 से 15:51) के दौरान टालें। चन्द्रमा वृश्चिक राशि में है और सूर्य मिथुन राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल चतुर्दशी

      उसी दिन 03:20 अगले दिन 04:35

    चतुर्दशी — तीव्र और परिवर्तनकारी तिथि। बड़े निर्णय सावधानी से लेने चाहिए।

  • गुरुवार

    गुरुवार — गुरु (बृहस्पति) द्वारा शासित। सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।

  • आषाढ़ · श्रावण

नक्षत्र · योग · करण

    • अनुराधा

      पिछले दिन 19:44 उसी दिन 21:31

    • ज्येष्ठा

      उसी दिन 21:31 अगले दिन 23:41

    मृदु नक्षत्र — संगीत, मैत्री और चिकित्सा जैसी कोमल गतिविधियों के लिए शुभ।

    • सिद्ध

      पिछले दिन 06:10 उसी दिन 05:54

    • साध्य

      उसी दिन 05:54 अगले दिन 05:57

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • गर

      उसी दिन 03:20 उसी दिन 15:54

    • वणिज

      उसी दिन 15:54 अगले दिन 04:35

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

शुक्ल चतुर्दशी · गुरु

00 06 12 18 शुभ · 05:23 – 07:07 रोग · 07:07 – 08:52 उद्वेग · 08:52 – 10:37 चल · 10:37 – 12:22 लाभ · 12:22 – 14:06 अमृत · 14:06 – 15:51 काल · 15:51 – 17:36 शुभ · 17:36 – 19:20 अमृत · 19:20 – 20:36 चल · 20:36 – 21:51 रोग · 21:51 – 23:06 काल · 23:06 – 00:22 लाभ · 00:22 – 01:37 उद्वेग · 01:37 – 02:52 शुभ · 02:52 – 04:08 अमृत · 04:08 – 05:23 शुभ · 05:23 – 07:07 रोग · 07:07 – 08:52 शून्य · 08:52 – 10:37 लाभ · 10:37 – 12:22 काल · 12:22 – 14:06 चल · 14:06 – 15:51 उद्योग · 15:51 – 17:36 अमृत · 17:36 – 19:20 लाभ · 19:20 – 20:36 चल · 20:36 – 21:51 शुभ · 21:51 – 23:06 उद्योग · 23:06 – 00:22 अमृत · 00:22 – 01:37 शून्य · 01:37 – 02:52 रोग · 02:52 – 04:08 काल · 04:08 – 05:23 ब्रह्म मुहूर्त · 04:02 – 04:43 अभिजित मुहूर्त · 11:54 – 12:49 अमृत काल · 10:21 – 12:04 राहु काल · 14:06 – 15:51 यमगण्ड काल · 05:23 – 07:07 गुलिक काल · 08:52 – 10:37 वर्ज्यम् · 00:02 – 01:45

17 जून

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 45 मि
05:23
07:07
08:52
10:37
12:22
14:06
15:51
17:36

रात के समय

8 · 1 घं 15 मि
19:20
20:36
21:51
23:06
00:22
01:37
02:52
04:08

दिन के समय

8 · 1 घं 45 मि
05:23
07:07
08:52
10:37
12:22
14:06
15:51
17:36

रात के समय

8 · 1 घं 15 मि
19:20
20:36
21:51
23:06
00:22
01:37
02:52
04:08
04:02 04:43
11:54 12:49
10:21 12:04
14:06 15:51
05:23 07:07
08:52 10:37
00:02 01:45

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

17 जून 2027 की तिथि क्या है?
17 जून 2027 की तिथि शुक्ल चतुर्दशी है।
17 जून 2027 का नक्षत्र क्या है?
17 जून 2027 का नक्षत्र अनुराधा और योग सिद्ध है।
17 जून 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 05:23 पर तथा सूर्यास्त 19:20 पर होगा।
17 जून 2027 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 14:06–15:51 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।