गुरुवार, 19 जून 2025
दैनिक पंचांग
आज गुरुवार है। अष्टमी तिथि 11:55 बजे तक, फिर नवमी 09:49 (कल) बजे तक रहेगी। उत्तर भाद्रपदा नक्षत्र 23:16 बजे तक, उसके बाद रेवती 21:44 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग सौभाग्य 02:45 (कल) बजे तक, फिर शोभन योग 23:45 (कल) बजे तक। कौलव करण 11:55 बजे तक, उसके बाद तैतिल 22:56 बजे तक, फिर गर 09:49 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (14:07 से 15:52) के दौरान टालें। चन्द्रमा मीन राशि में है और सूर्य मिथुन राशि में।
पुरुषोत्तम मास
अधिक ज्येष्ठ
पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।
तिथि · वार · चान्द्र मास
कृष्ण अष्टमी
पिछले दिन13:35उसी दिन11:55
कृष्ण नवमी
उसी दिन11:55अगले दिन09:49
अष्टमी — तीव्र ऊर्जा वाली तिथि। नए कार्य आरंभ करने के लिए परंपरा में टाली जाती है।
गुरुवार
गुरुवार — गुरु (बृहस्पति) द्वारा शासित। सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
- अमान्तज्येष्ठपूर्णिमान्तआषाढ़
नक्षत्र · योग · करण
उत्तर भाद्रपदा
उसी दिन00:22उसी दिन23:16
रेवती
उसी दिन23:16अगले दिन21:44
स्थिर नक्षत्र — दीर्घकालिक संकल्प, नींव और स्थायी क्रय के लिए श्रेष्ठ।
सौभाग्य
उसी दिन05:23अगले दिन02:45
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
कौलव
उसी दिन00:48उसी दिन11:55
तैतिल
उसी दिन11:55उसी दिन22:56
गर
उसी दिन22:56अगले दिन09:49
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।
कृष्ण अष्टमी · गुरु
19 जून
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8·1 घं 45 मि| 05:2307:08 | ||
| 07:0808:53 | ||
| 08:5310:37 | ||
| 10:3712:22 | ||
| 12:2214:07 | ||
| 14:0715:52 | ||
| 15:5217:36 | ||
| 17:3619:21 |
रात के समय
8·1 घं 15 मि| 19:2120:36 | ||
| 20:3621:52 | ||
| 21:5223:07 | ||
| 23:0700:22 | ||
| 00:2201:37 | ||
| 01:3702:53 | ||
| 02:5304:08 | ||
| 04:0805:23 |
दिन के समय
8·1 घं 45 मि| 05:2307:08 | ||
| 07:0808:53 | ||
| 08:5310:37 | ||
| 10:3712:22 | ||
| 12:2214:07 | ||
| 14:0715:52 | ||
| 15:5217:36 | ||
| 17:3619:21 |
रात के समय
8·1 घं 15 मि| 19:2120:36 | ||
| 20:3621:52 | ||
| 21:5223:07 | ||
| 23:0700:22 | ||
| 00:2201:37 | ||
| 01:3702:53 | ||
| 02:5304:08 | ||
| 04:0805:23 |
| 04:03→04:43 | ||
| 11:54→12:50 | ||
| 18:41→20:13 | ||
| 14:07→15:52 | ||
| 05:23→07:08 | ||
| 08:53→10:37 | ||
| 09:32→11:03 |
दिन के घंटे
12·1 घं 10 मि| 05:2306:33 | ||
| 06:3307:43 | ||
| 07:4308:53 | ||
| 08:5310:02 | ||
| 10:0211:12 | ||
| 11:1212:22 | ||
| 12:2213:32 | ||
| 13:3214:42 | ||
| 14:4215:52 | ||
| 15:5217:01 | ||
| 17:0118:11 | ||
| 18:1119:21 |
रात के घंटे
12·50 मि| 19:2120:11 | ||
| 20:1121:01 | ||
| 21:0121:52 | ||
| 21:5222:42 | ||
| 22:4223:32 | ||
| 23:3200:22 | ||
| 00:2201:12 | ||
| 01:1202:03 | ||
| 02:0302:53 | ||
| 02:5303:43 | ||
| 03:4304:33 | ||
| 04:3305:23 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 19 जून 2025 की तिथि क्या है?
- 19 जून 2025 की तिथि कृष्ण अष्टमी है।
- 19 जून 2025 का नक्षत्र क्या है?
- 19 जून 2025 का नक्षत्र उत्तर भाद्रपदा और योग सौभाग्य है।
- 19 जून 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 05:23 पर तथा सूर्यास्त 19:21 पर होगा।
- 19 जून 2025 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 14:07–15:52 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।

