बुधवार, 18 जून 2025
दैनिक पंचांग
आज बुधवार है। सप्तमी तिथि 13:35 बजे तक, फिर अष्टमी 11:55 (कल) बजे तक रहेगी। पूर्व भाद्रपदा नक्षत्र 00:23 (कल) बजे तक, उसके बाद उत्तर भाद्रपदा 23:17 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग प्रीति 07:41 बजे तक, फिर आयुष्मान् योग 05:25 (कल) बजे तक। बव करण 13:35 बजे तक, उसके बाद बालव 00:48 (कल) बजे तक, फिर कौलव 11:55 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (12:22 से 14:07) के दौरान टालें। चन्द्रमा कुम्भ राशि में है और सूर्य मिथुन राशि में।
तिथि · वार · चान्द्र मास
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कृष्ण सप्तमी
पिछले दिन 14:46 उसी दिन 13:35
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कृष्ण अष्टमी
उसी दिन 13:35 अगले दिन 11:55
सप्तमी — सामान्यतः सहज और संतुलित तिथि। नियमित कार्यों और यात्रा के लिए शुभ।
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बुधवार
बुधवार — बुध द्वारा शासित। संवाद और बुद्धि का दिन; अध्ययन, लेखन और व्यापार के लिए शुभ।
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आषाढ़ · श्रावण
नक्षत्र · योग · करण
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पूर्व भाद्रपदा · पाद 1
उसी दिन 01:02 अगले दिन 00:23
उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।
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प्रीति
पिछले दिन 09:35 उसी दिन 07:41
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आयुष्मान्
उसी दिन 07:41 अगले दिन 05:25
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
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बव
उसी दिन 02:14 उसी दिन 13:35
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बालव
उसी दिन 13:35 अगले दिन 00:48
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
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एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
कृष्ण सप्तमी · बुध
18 जून
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8 · 1 घं 45 मि| 05:23 07:08 | ||
| 07:08 08:52 | ||
| 08:52 10:37 | ||
| 10:37 12:22 | ||
| 12:22 14:07 | ||
| 14:07 15:51 | ||
| 15:51 17:36 | ||
| 17:36 19:21 |
रात के समय
8 · 1 घं 15 मि| 19:21 20:36 | ||
| 20:36 21:51 | ||
| 21:51 23:07 | ||
| 23:07 00:22 | ||
| 00:22 01:37 | ||
| 01:37 02:52 | ||
| 02:52 04:08 | ||
| 04:08 05:23 |
दिन के समय
8 · 1 घं 45 मि| 05:23 07:08 | ||
| 07:08 08:52 | ||
| 08:52 10:37 | ||
| 10:37 12:22 | ||
| 12:22 14:07 | ||
| 14:07 15:51 | ||
| 15:51 17:36 | ||
| 17:36 19:21 |
रात के समय
8 · 1 घं 15 मि| 19:21 20:36 | ||
| 20:36 21:51 | ||
| 21:51 23:07 | ||
| 23:07 00:22 | ||
| 00:22 01:37 | ||
| 01:37 02:52 | ||
| 02:52 04:08 | ||
| 04:08 05:23 |
| 04:03 → 04:43 | ||
| 16:36 → 18:10 | ||
| 12:22 → 14:07 | ||
| 07:08 → 08:52 | ||
| 10:37 → 12:22 | ||
| 07:16 → 08:49 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 18 जून 2025 की तिथि क्या है?
- 18 जून 2025 की तिथि कृष्ण सप्तमी है।
- 18 जून 2025 का नक्षत्र क्या है?
- 18 जून 2025 का नक्षत्र पूर्व भाद्रपदा और योग प्रीति है।
- 18 जून 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 05:23 पर तथा सूर्यास्त 19:21 पर होगा।
- 18 जून 2025 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 12:22–14:07 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।