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Kundli GPT

बुधवार, 17 नवंबर 2027

दैनिक पंचांग

चिंतन का दिन

आज बुधवार है। चतुर्थी तिथि 01:35 (कल) बजे तक, फिर पंचमी 23:27 (कल) बजे तक रहेगी। आर्द्रा नक्षत्र 03:17 (कल) बजे तक, उसके बाद पुनर्वसु 01:51 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग सिद्ध 09:47 बजे तक, फिर साध्य योग 06:51 (कल) बजे तक। बव करण 14:39 बजे तक, उसके बाद बालव 01:35 (कल) बजे तक, फिर कौलव 12:31 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (12:05 से 13:26) के दौरान टालें। चन्द्रमा मिथुन राशि में है और सूर्य वृश्चिक राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • कृष्ण चतुर्थी

      उसी दिन 03:42 अगले दिन 01:35

    चतुर्थी — गणेश को समर्पित। पूजा-पाठ और विघ्न निवारण के लिए श्रेष्ठ; बड़े नए कार्यों के लिए कम उपयुक्त।

  • बुधवार

    बुधवार — बुध द्वारा शासित। संवाद और बुद्धि का दिन; अध्ययन, लेखन और व्यापार के लिए शुभ।

  • मार्गशीर्ष · पौष

नक्षत्र · योग · करण

    • आर्द्रा · पाद 1

      उसी दिन 04:41 अगले दिन 03:17

    तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।

    • सिद्ध

      पिछले दिन 12:37 उसी दिन 09:47

    • साध्य

      उसी दिन 09:47 अगले दिन 06:51

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बव

      उसी दिन 03:42 उसी दिन 14:39

    • बालव

      उसी दिन 14:39 अगले दिन 01:35

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण चतुर्थी · बुध

00 06 12 18 लाभ · 06:44 – 08:05 अमृत · 08:05 – 09:25 काल · 09:25 – 10:45 शुभ · 10:45 – 12:05 रोग · 12:05 – 13:26 उद्वेग · 13:26 – 14:46 चल · 14:46 – 16:06 लाभ · 16:06 – 17:26 उद्वेग · 17:26 – 19:06 शुभ · 19:06 – 20:46 अमृत · 20:46 – 22:26 चल · 22:26 – 00:06 रोग · 00:06 – 01:46 काल · 01:46 – 03:25 लाभ · 03:25 – 05:05 उद्वेग · 05:05 – 06:45 लाभ · 06:44 – 08:05 शुभ · 08:05 – 09:25 अमृत · 09:25 – 10:45 चल · 10:45 – 12:05 उद्योग · 12:05 – 13:26 शून्य · 13:26 – 14:46 रोग · 14:46 – 16:06 काल · 16:06 – 17:26 शून्य · 17:26 – 19:06 रोग · 19:06 – 20:46 काल · 20:46 – 22:26 शुभ · 22:26 – 00:06 चल · 00:06 – 01:46 अमृत · 01:46 – 03:25 उद्योग · 03:25 – 05:05 लाभ · 05:05 – 06:45 ब्रह्म मुहूर्त · 04:58 – 05:51 अमृत काल · 17:52 – 19:23 राहु काल · 12:05 – 13:26 यमगण्ड काल · 08:05 – 09:25 गुलिक काल · 10:45 – 12:05 वर्ज्यम् · 12:36 – 14:06 बुध · 06:44 – 07:38 चंद्र · 07:38 – 08:31 शनि · 08:31 – 09:25 गुरु · 09:25 – 10:18 मंगल · 10:18 – 11:12 सूर्य · 11:12 – 12:05 शुक्र · 12:05 – 12:59 बुध · 12:59 – 13:52 चंद्र · 13:52 – 14:46 शनि · 14:46 – 15:39 गुरु · 15:39 – 16:33 मंगल · 16:33 – 17:26 सूर्य · 17:26 – 18:33 शुक्र · 18:33 – 19:39 बुध · 19:39 – 20:46 चंद्र · 20:46 – 21:53 शनि · 21:53 – 22:59 गुरु · 22:59 – 00:06 मंगल · 00:06 – 01:12 सूर्य · 01:12 – 02:19 शुक्र · 02:19 – 03:25 बुध · 03:25 – 04:32 चंद्र · 04:32 – 05:39 शनि · 05:39 – 06:45

17 नव॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 20 मि
06:44
08:05
09:25
10:45
12:05
13:26
14:46
16:06

रात के समय

8 · 1 घं 40 मि
17:26
19:06
20:46
22:26
00:06
01:46
03:25
05:05

दिन के समय

8 · 1 घं 20 मि
06:44
08:05
09:25
10:45
12:05
13:26
14:46
16:06

रात के समय

8 · 1 घं 40 मि
17:26
19:06
20:46
22:26
00:06
01:46
03:25
05:05
04:58 05:51
17:52 19:23
12:05 13:26
08:05 09:25
10:45 12:05
12:36 14:06

दिन के घंटे

12 · 53 मि
06:44
07:38
08:31
09:25
10:18
11:12
12:05
12:59
13:52
14:46
15:39
16:33

रात के घंटे

12 · 1 घं 7 मि
17:26
18:33
19:39
20:46
21:53
22:59
00:06
01:12
02:19
03:25
04:32
05:39

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

17 नवंबर 2027 की तिथि क्या है?
17 नवंबर 2027 की तिथि कृष्ण चतुर्थी है।
17 नवंबर 2027 का नक्षत्र क्या है?
17 नवंबर 2027 का नक्षत्र आर्द्रा और योग सिद्ध है।
17 नवंबर 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:44 पर तथा सूर्यास्त 17:26 पर होगा।
17 नवंबर 2027 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 12:05–13:26 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।