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सोमवार, 28 अक्टूबर 2024

दैनिक पंचांग

चिंतन का दिन

आज सोमवार है। एकादशी तिथि 07:51 बजे तक, फिर द्वादशी 10:32 (कल) बजे तक रहेगी। पूर्व फाल्गुनी नक्षत्र 15:23 बजे तक, उसके बाद उत्तर फाल्गुनी 18:33 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग ब्रह्म 06:46 बजे तक, फिर ऐन्द्र योग 07:46 (कल) बजे तक। बालव करण 07:51 बजे तक, उसके बाद कौलव 21:10 बजे तक, फिर तैतिल 10:32 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (07:54 से 09:17) के दौरान टालें। चन्द्रमा सिंह राशि में है और सूर्य तुला राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • रमा एकादशी

      पिछले दिन05:24उसी दिन07:51

    • कृष्ण द्वादशी

      उसी दिन07:51अगले दिन10:32

    एकादशी — अनेक लोगों के लिए उपवास का दिन। आध्यात्मिक रूप से महत्त्वपूर्ण और आत्म-चिंतन की तिथि।

  • सोमवार

    सोमवार — चंद्र द्वारा शासित। शांत और भावपूर्ण दिन; पारिवारिक कार्य, जल-सम्बन्धित कार्य और अध्ययन के लिए उपयुक्त।

  • अमान्तआश्विन
    पूर्णिमान्तकार्तिक

नक्षत्र · योग · करण

    • पूर्व फाल्गुनी

      पिछले दिन12:23उसी दिन15:23

    • उत्तर फाल्गुनी

      उसी दिन15:23अगले दिन18:33

    उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।

    • ब्रह्म

      पिछले दिन05:56उसी दिन06:46

    • ऐन्द्र

      उसी दिन06:46अगले दिन07:46

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बालव

      पिछले दिन18:35उसी दिन07:51

    • कौलव

      उसी दिन07:51उसी दिन21:10

    • तैतिल

      उसी दिन21:10अगले दिन10:32

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण एकादशी · सोम

00061218अमृत · 06:30 – 07:54काल · 07:54 – 09:17शुभ · 09:17 – 10:41रोग · 10:41 – 12:04उद्वेग · 12:04 – 13:28चल · 13:28 – 14:51लाभ · 14:51 – 16:15अमृत · 16:15 – 17:39चल · 17:39 – 19:15रोग · 19:15 – 20:52काल · 20:52 – 22:28लाभ · 22:28 – 00:05उद्वेग · 00:05 – 01:41शुभ · 01:41 – 03:18अमृत · 03:18 – 04:54चल · 04:54 – 06:31चल · 06:30 – 07:54लाभ · 07:54 – 09:17शून्य · 09:17 – 10:41रोग · 10:41 – 12:04शुभ · 12:04 – 13:28काल · 13:28 – 14:51अमृत · 14:51 – 16:15उद्योग · 16:15 – 17:39उद्योग · 17:39 – 19:15अमृत · 19:15 – 20:52शुभ · 20:52 – 22:28काल · 22:28 – 00:05रोग · 00:05 – 01:41चल · 01:41 – 03:18लाभ · 03:18 – 04:54शून्य · 04:54 – 06:31ब्रह्म मुहूर्त · 04:47 – 05:39अभिजित मुहूर्त · 11:42 – 12:27अमृत काल · 08:11 – 09:59राहु काल · 07:54 – 09:17यमगण्ड काल · 10:41 – 12:04गुलिक काल · 13:28 – 14:51वर्ज्यम् · 21:23 – 23:11चंद्र · 06:30 – 07:26शनि · 07:26 – 08:21गुरु · 08:21 – 09:17मंगल · 09:17 – 10:13सूर्य · 10:13 – 11:09शुक्र · 11:09 – 12:04बुध · 12:04 – 13:00चंद्र · 13:00 – 13:56शनि · 13:56 – 14:51गुरु · 14:51 – 15:47मंगल · 15:47 – 16:43सूर्य · 16:43 – 17:39शुक्र · 17:39 – 18:43बुध · 18:43 – 19:47चंद्र · 19:47 – 20:52शनि · 20:52 – 21:56गुरु · 21:56 – 23:00मंगल · 23:00 – 00:05सूर्य · 00:05 – 01:09शुक्र · 01:09 – 02:13बुध · 02:13 – 03:18चंद्र · 03:18 – 04:22शनि · 04:22 – 05:26गुरु · 05:26 – 06:31

28 अक्टू॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8·1 घं 24 मि
06:30
07:54
09:17
10:41
12:04
13:28
14:51
16:15

रात के समय

8·1 घं 37 मि
17:39
19:15
20:52
22:28
00:05
01:41
03:18
04:54

दिन के समय

8·1 घं 24 मि
06:30
07:54
09:17
10:41
12:04
13:28
14:51
16:15

रात के समय

8·1 घं 37 मि
17:39
19:15
20:52
22:28
00:05
01:41
03:18
04:54
04:4705:39
11:4212:27
08:1109:59
07:5409:17
10:4112:04
13:2814:51
21:2323:11

दिन के घंटे

12·56 मि
06:30
07:26
08:21
09:17
10:13
11:09
12:04
13:00
13:56
14:51
15:47
16:43

रात के घंटे

12·1 घं 4 मि
17:39
18:43
19:47
20:52
21:56
23:00
00:05
01:09
02:13
03:18
04:22
05:26

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

28 अक्टूबर 2024 की तिथि क्या है?
28 अक्टूबर 2024 की तिथि कृष्ण एकादशी है।
28 अक्टूबर 2024 का नक्षत्र क्या है?
28 अक्टूबर 2024 का नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी और योग ब्रह्म है।
28 अक्टूबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:30 पर तथा सूर्यास्त 17:39 पर होगा।
28 अक्टूबर 2024 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 07:54–09:17 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।