मंगलवार, 15 सितंबर 2026
दैनिक पंचांग
आज मंगलवार है। चतुर्थी तिथि 07:44 बजे तक, फिर पंचमी 08:59 (कल) बजे तक रहेगी। स्वाति नक्षत्र 15:20 बजे तक, उसके बाद विशाखा 17:21 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग ऐन्द्र 12:18 बजे तक, फिर वैधृति योग 12:21 (कल) बजे तक। विष्टि करण 07:44 बजे तक, उसके बाद बव 20:17 बजे तक, फिर बालव 08:59 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (15:21 से 16:53) के दौरान टालें। चन्द्रमा तुला राशि में है और सूर्य सिंह राशि में।
पुरुषोत्तम मास
अधिक भाद्रपद
पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।
तिथि · वार · चान्द्र मास
शुक्ल चतुर्थी
पिछले दिन07:07उसी दिन07:44
शुक्ल पंचमी
उसी दिन07:44अगले दिन08:59
चतुर्थी — गणेश को समर्पित। पूजा-पाठ और विघ्न निवारण के लिए श्रेष्ठ; बड़े नए कार्यों के लिए कम उपयुक्त।
मंगलवार
मंगलवार — मंगल द्वारा शासित। ऊर्जावान और साहसी दिन; कर्म और शारीरिक कार्य के लिए शुभ, संवेदनशील मामलों के लिए कम।
- अमान्तभाद्रपदपूर्णिमान्तभाद्रपद
नक्षत्र · योग · करण
स्वाति
पिछले दिन13:54उसी दिन15:20
विशाखा
उसी दिन15:20अगले दिन17:21
चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।
ऐन्द्र
पिछले दिन12:45उसी दिन12:18
वैधृति
उसी दिन12:18अगले दिन12:21
शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।
विष्टि
पिछले दिन19:21उसी दिन07:44
बव
उसी दिन07:44उसी दिन20:17
बालव
उसी दिन20:17अगले दिन08:59
विष्टि (भद्रा) करण — महत्त्वपूर्ण नए कार्यों के लिए परंपरा में टाला जाता है; सामान्य कार्य चलते हैं।
एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।
शुक्ल चतुर्थी · मंगल
15 सित॰
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8·1 घं 33 मि| 06:0607:38 | ||
| 07:3809:11 | ||
| 09:1110:43 | ||
| 10:4312:16 | ||
| 12:1613:48 | ||
| 13:4815:21 | ||
| 15:2116:53 | ||
| 16:5318:26 |
रात के समय
8·1 घं 28 मि| 18:2619:53 | ||
| 19:5321:21 | ||
| 21:2122:48 | ||
| 22:4800:16 | ||
| 00:1601:43 | ||
| 01:4303:11 | ||
| 03:1104:38 | ||
| 04:3806:06 |
दिन के समय
8·1 घं 33 मि| 06:0607:38 | ||
| 07:3809:11 | ||
| 09:1110:43 | ||
| 10:4312:16 | ||
| 12:1613:48 | ||
| 13:4815:21 | ||
| 15:2116:53 | ||
| 16:5318:26 |
रात के समय
8·1 घं 28 मि| 18:2619:53 | ||
| 19:5321:21 | ||
| 21:2122:48 | ||
| 22:4800:16 | ||
| 00:1601:43 | ||
| 01:4303:11 | ||
| 03:1104:38 | ||
| 04:3806:06 |
| 04:32→05:19 | ||
| 11:51→12:40 | ||
| 06:00→07:42 | ||
| 15:21→16:53 | ||
| 09:11→10:43 | ||
| 12:16→13:48 | ||
| 19:50→21:32 |
दिन के घंटे
12·1 घं 2 मि| 06:0607:07 | ||
| 07:0708:09 | ||
| 08:0909:11 | ||
| 09:1110:12 | ||
| 10:1211:14 | ||
| 11:1412:16 | ||
| 12:1613:17 | ||
| 13:1714:19 | ||
| 14:1915:21 | ||
| 15:2116:23 | ||
| 16:2317:24 | ||
| 17:2418:26 |
रात के घंटे
12·58 मि| 18:2619:24 | ||
| 19:2420:23 | ||
| 20:2321:21 | ||
| 21:2122:19 | ||
| 22:1923:18 | ||
| 23:1800:16 | ||
| 00:1601:14 | ||
| 01:1402:13 | ||
| 02:1303:11 | ||
| 03:1104:09 | ||
| 04:0905:08 | ||
| 05:0806:06 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 15 सितंबर 2026 की तिथि क्या है?
- 15 सितंबर 2026 की तिथि शुक्ल चतुर्थी है।
- 15 सितंबर 2026 का नक्षत्र क्या है?
- 15 सितंबर 2026 का नक्षत्र स्वाति और योग ऐन्द्र है।
- 15 सितंबर 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 06:06 पर तथा सूर्यास्त 18:26 पर होगा।
- 15 सितंबर 2026 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 15:21–16:53 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।

