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Kundli GPT

शनिवार, 22 अगस्त 2026

दैनिक पंचांग

शुभ दिन

आज शनिवार है। दशमी तिथि 02:00 (कल) बजे तक, फिर एकादशी 04:19 (कल) बजे तक रहेगी। ज्येष्ठा नक्षत्र 14:48 बजे तक, उसके बाद मूल 17:43 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग विष्कुम्भ 06:12 (कल) बजे तक, फिर प्रीति योग 07:02 (कल) बजे तक। तैतिल करण 12:48 बजे तक, उसके बाद गर 02:00 (कल) बजे तक, फिर वणिज 15:11 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (09:08 से 10:46) के दौरान टालें। चन्द्रमा वृश्चिक राशि में है और सूर्य सिंह राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल दशमी

      पिछले दिन 23:36 अगले दिन 02:00

    दशमी — स्थिर और भरोसेमंद तिथि। अधिकांश कार्यों के लिए शुभ मानी जाती है।

  • शनिवार

    शनिवार — शनि द्वारा शासित। अनुशासित और गंभीर दिन; अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त, नए आरंभ के लिए कम।

  • भाद्रपद · आश्विन

नक्षत्र · योग · करण

    • ज्येष्ठा

      पिछले दिन 11:52 उसी दिन 14:48

    • मूल

      उसी दिन 14:48 अगले दिन 17:43

    तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।

    • विष्कुम्भ

      उसी दिन 05:17 अगले दिन 06:12

    अशुभ योग — आज सूर्य-चंद्र की ऊर्जाएँ विरोधी हैं। बड़े नए उपक्रम परंपरा में टाले जाते हैं।

    • तैतिल

      पिछले दिन 23:36 उसी दिन 12:48

    • गर

      उसी दिन 12:48 अगले दिन 02:00

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल दशमी · शनि

00 06 12 18 काल · 05:54 – 07:31 शुभ · 07:31 – 09:08 रोग · 09:08 – 10:46 उद्वेग · 10:46 – 12:23 चल · 12:23 – 14:01 लाभ · 14:01 – 15:38 अमृत · 15:38 – 17:16 काल · 17:16 – 18:53 काल · 18:53 – 20:16 लाभ · 20:16 – 21:38 उद्वेग · 21:38 – 23:01 शुभ · 23:01 – 00:24 अमृत · 00:24 – 01:46 चल · 01:46 – 03:09 रोग · 03:09 – 04:31 काल · 04:31 – 05:54 काल · 05:54 – 07:31 चल · 07:31 – 09:08 उद्योग · 09:08 – 10:46 अमृत · 10:46 – 12:23 लाभ · 12:23 – 14:01 रोग · 14:01 – 15:38 शुभ · 15:38 – 17:16 शून्य · 17:16 – 18:53 अमृत · 18:53 – 20:16 रोग · 20:16 – 21:38 शून्य · 21:38 – 23:01 उद्योग · 23:01 – 00:24 शुभ · 00:24 – 01:46 लाभ · 01:46 – 03:09 चल · 03:09 – 04:31 काल · 04:31 – 05:54 ब्रह्म मुहूर्त · 04:26 – 05:10 अभिजित मुहूर्त · 11:57 – 12:49 अमृत काल · 04:55 – 06:43 राहु काल · 09:08 – 10:46 यमगण्ड काल · 14:01 – 15:38 गुलिक काल · 05:54 – 07:31 वर्ज्यम् · 18:09 – 19:57 शनि · 05:54 – 06:59 गुरु · 06:59 – 08:04 मंगल · 08:04 – 09:08 सूर्य · 09:08 – 10:13 शुक्र · 10:13 – 11:18 बुध · 11:18 – 12:23 चंद्र · 12:23 – 13:28 शनि · 13:28 – 14:33 गुरु · 14:33 – 15:38 मंगल · 15:38 – 16:43 सूर्य · 16:43 – 17:48 शुक्र · 17:48 – 18:53 बुध · 18:53 – 19:48 चंद्र · 19:48 – 20:43 शनि · 20:43 – 21:38 गुरु · 21:38 – 22:34 मंगल · 22:34 – 23:29 सूर्य · 23:29 – 00:24 शुक्र · 00:24 – 01:19 बुध · 01:19 – 02:14 चंद्र · 02:14 – 03:09 शनि · 03:09 – 04:04 गुरु · 04:04 – 04:59 मंगल · 04:59 – 05:54

22 अग॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8 · 1 घं 37 मि
05:54
07:31
09:08
10:46
12:23
14:01
15:38
17:16

रात के समय

8 · 1 घं 23 मि
18:53
20:16
21:38
23:01
00:24
01:46
03:09
04:31

दिन के समय

8 · 1 घं 37 मि
05:54
07:31
09:08
10:46
12:23
14:01
15:38
17:16

रात के समय

8 · 1 घं 23 मि
18:53
20:16
21:38
23:01
00:24
01:46
03:09
04:31
04:26 05:10
11:57 12:49
04:55 06:43
09:08 10:46
14:01 15:38
05:54 07:31
18:09 19:57

दिन के घंटे

12 · 1 घं 5 मि
05:54
06:59
08:04
09:08
10:13
11:18
12:23
13:28
14:33
15:38
16:43
17:48

रात के घंटे

12 · 55 मि
18:53
19:48
20:43
21:38
22:34
23:29
00:24
01:19
02:14
03:09
04:04
04:59

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

22 अगस्त 2026 की तिथि क्या है?
22 अगस्त 2026 की तिथि शुक्ल दशमी है।
22 अगस्त 2026 का नक्षत्र क्या है?
22 अगस्त 2026 का नक्षत्र ज्येष्ठा और योग विष्कुम्भ है।
22 अगस्त 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 05:54 पर तथा सूर्यास्त 18:53 पर होगा।
22 अगस्त 2026 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 09:08–10:46 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।