शुक्रवार, 29 मई 2026
दैनिक पंचांग
आज शुक्रवार है। त्रयोदशी तिथि 09:51 बजे तक, फिर चतुर्दशी 11:58 (कल) बजे तक रहेगी। स्वाति नक्षत्र 10:38 बजे तक, उसके बाद विशाखा 13:21 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग परिघ 04:37 (कल) बजे तक, फिर शिव योग 05:26 (कल) बजे तक। तैतिल करण 09:51 बजे तक, उसके बाद गर 22:53 बजे तक, फिर वणिज 11:58 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (10:35 से 12:18) के दौरान टालें। चन्द्रमा तुला राशि में है और सूर्य वृषभ राशि में।
पुरुषोत्तम मास
अधिक ज्येष्ठ
17 मई से 15 जून, 2026 तक
पवित्र चंद्र अधिक मास — उपवास, दान और भक्ति-साधना का काल।
तिथि · वार · चान्द्र मास
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शुक्ल त्रयोदशी
पिछले दिन 07:57 उसी दिन 09:51
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शुक्ल चतुर्दशी
उसी दिन 09:51 अगले दिन 11:58
त्रयोदशी — उत्साह की तिथि। उत्सव और सक्रिय कार्यों के लिए शुभ।
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शुक्रवार
शुक्रवार — शुक्र द्वारा शासित। सौम्य और सुखद दिन; कला, सम्बन्ध और सौंदर्य-सम्बन्धित कार्यों के लिए शुभ।
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ज्येष्ठ · आषाढ़
नक्षत्र · योग · करण
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स्वाति
पिछले दिन 08:09 उसी दिन 10:38
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विशाखा
उसी दिन 10:38 अगले दिन 13:21
चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।
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परिघ
उसी दिन 03:56 अगले दिन 04:37
अशुभ योग — आज सूर्य-चंद्र की ऊर्जाएँ विरोधी हैं। बड़े नए उपक्रम परंपरा में टाले जाते हैं।
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तैतिल
पिछले दिन 20:52 उसी दिन 09:51
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गर
उसी दिन 09:51 उसी दिन 22:53
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वणिज
उसी दिन 22:53 अगले दिन 11:58
चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।
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एक नज़र में दिन
यहाँ आज पंचांग के समय खंड परिभाषित नहीं हैं
चोघड़िया, गौरी एवं राहु काल — सभी स्थानीय दिन-प्रकाश को आठ बराबर भागों में विभाजित करते हैं। बहुत उच्च अक्षांश (~66° से ऊपर) पर सूर्य दिन-भर डूबे या उगे रह सकता है, अतः इस तिथि के लिए स्थानीय सूर्योदय/सूर्यास्त की जोड़ी उपलब्ध नहीं है। ऊपर दी गई तिथि, नक्षत्र एवं योग की गणना यथावत मान्य है।
उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।
दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।
दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।
शुक्ल त्रयोदशी · शुक्र
29 मई
दैनिक पंचांग
दिन के समय
8 · 1 घं 44 मि| 05:24 07:08 | ||
| 07:08 08:51 | ||
| 08:51 10:35 | ||
| 10:35 12:18 | ||
| 12:18 14:02 | ||
| 14:02 15:45 | ||
| 15:45 17:29 | ||
| 17:29 19:12 |
रात के समय
8 · 1 घं 16 मि| 19:12 20:29 | ||
| 20:29 21:45 | ||
| 21:45 23:02 | ||
| 23:02 00:18 | ||
| 00:18 01:34 | ||
| 01:34 02:51 | ||
| 02:51 04:07 | ||
| 04:07 05:24 |
दिन के समय
8 · 1 घं 44 मि| 05:24 07:08 | ||
| 07:08 08:51 | ||
| 08:51 10:35 | ||
| 10:35 12:18 | ||
| 12:18 14:02 | ||
| 14:02 15:45 | ||
| 15:45 17:29 | ||
| 17:29 19:12 |
रात के समय
8 · 1 घं 16 मि| 19:12 20:29 | ||
| 20:29 21:45 | ||
| 21:45 23:02 | ||
| 23:02 00:18 | ||
| 00:18 01:34 | ||
| 01:34 02:51 | ||
| 02:51 04:07 | ||
| 04:07 05:24 |
| 04:02 → 04:43 | ||
| 11:51 → 12:46 | ||
| 00:55 → 02:41 | ||
| 10:35 → 12:18 | ||
| 15:45 → 17:29 | ||
| 07:08 → 08:51 | ||
| 14:20 → 16:06 |
लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 29 मई 2026 की तिथि क्या है?
- 29 मई 2026 की तिथि शुक्ल त्रयोदशी है।
- 29 मई 2026 का नक्षत्र क्या है?
- 29 मई 2026 का नक्षत्र स्वाति और योग परिघ है।
- 29 मई 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
- दिल्ली में सूर्योदय 05:24 पर तथा सूर्यास्त 19:12 पर होगा।
- 29 मई 2026 को राहु काल कब है?
- दिल्ली में राहु काल 10:35–12:18 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।