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गुरुवार, 13 नवंबर 2025

दैनिक पंचांग

चिंतन का दिन

आज गुरुवार है। नवमी तिथि 23:34 बजे तक, फिर दशमी 00:50 (कल) बजे तक रहेगी। मघा नक्षत्र 19:37 बजे तक, उसके बाद पूर्व फाल्गुनी 21:20 (कल) बजे तक रहेगा। आज का योग ब्रह्म 06:56 बजे तक, फिर ऐन्द्र योग 06:26 (कल) बजे तक। तैतिल करण 11:11 बजे तक, उसके बाद गर 23:34 बजे तक, फिर वणिज 12:07 (कल) बजे तक। महत्त्वपूर्ण नए कार्य राहु काल (13:26 से 14:46) के दौरान टालें। चन्द्रमा सिंह राशि में है और सूर्य तुला राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • कृष्ण नवमी

      पिछले दिन22:58उसी दिन23:34

    • कृष्ण दशमी

      उसी दिन23:34अगले दिन00:50

    नवमी — दुर्गा को समर्पित। साधना के लिए श्रेष्ठ; बड़े नए कार्य परंपरा में टाले जाते हैं।

  • गुरुवार

    गुरुवार — गुरु (बृहस्पति) द्वारा शासित। सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।

  • अमान्तकार्तिक
    पूर्णिमान्तमार्गशीर्ष

नक्षत्र · योग · करण

    • मघा

      पिछले दिन18:34उसी दिन19:37

    • पूर्व फाल्गुनी

      उसी दिन19:37अगले दिन21:20

    उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।

    • ब्रह्म

      पिछले दिन08:01उसी दिन06:56

    • ऐन्द्र

      उसी दिन06:56अगले दिन06:26

    शुभ योग — आज सूर्य और चंद्र का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • तैतिल

      पिछले दिन22:58उसी दिन11:11

    • गर

      उसी दिन11:11उसी दिन23:34

    • वणिज

      उसी दिन23:34अगले दिन12:07

    चर करण — सामान्य दिनचर्या वाला आधा-तिथि भाग। अधिकांश नियमित कार्यों के लिए उपयुक्त।

एक नज़र में दिन

उत्तर भारतीय समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के छह सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और तीन अशुभ (राहु, यमगण्ड, गुलिक)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण नवमी · गुरु

00061218शुभ · 06:42 – 08:02रोग · 08:02 – 09:23उद्वेग · 09:23 – 10:44चल · 10:44 – 12:05लाभ · 12:05 – 13:26अमृत · 13:26 – 14:46काल · 14:46 – 16:07शुभ · 16:07 – 17:28अमृत · 17:28 – 19:07चल · 19:07 – 20:47रोग · 20:47 – 22:26काल · 22:26 – 00:05लाभ · 00:05 – 01:44उद्वेग · 01:44 – 03:24शुभ · 03:24 – 05:03अमृत · 05:03 – 06:42शुभ · 06:42 – 08:02रोग · 08:02 – 09:23शून्य · 09:23 – 10:44लाभ · 10:44 – 12:05काल · 12:05 – 13:26चल · 13:26 – 14:46उद्योग · 14:46 – 16:07अमृत · 16:07 – 17:28लाभ · 17:28 – 19:07चल · 19:07 – 20:47शुभ · 20:47 – 22:26उद्योग · 22:26 – 00:05अमृत · 00:05 – 01:44शून्य · 01:44 – 03:24रोग · 03:24 – 05:03काल · 05:03 – 06:42ब्रह्म मुहूर्त · 04:56 – 05:49अभिजित मुहूर्त · 11:43 – 12:26अमृत काल · 17:07 – 18:47राहु काल · 13:26 – 14:46यमगण्ड काल · 06:42 – 08:02गुलिक काल · 09:23 – 10:44वर्ज्यम् · 07:06 – 08:46गुरु · 06:42 – 07:36मंगल · 07:36 – 08:29सूर्य · 08:29 – 09:23शुक्र · 09:23 – 10:17बुध · 10:17 – 11:11चंद्र · 11:11 – 12:05शनि · 12:05 – 12:59गुरु · 12:59 – 13:53मंगल · 13:53 – 14:46सूर्य · 14:46 – 15:40शुक्र · 15:40 – 16:34बुध · 16:34 – 17:28चंद्र · 17:28 – 18:34शनि · 18:34 – 19:40गुरु · 19:40 – 20:47मंगल · 20:47 – 21:53सूर्य · 21:53 – 22:59शुक्र · 22:59 – 00:05बुध · 00:05 – 01:11चंद्र · 01:11 – 02:18शनि · 02:18 – 03:24गुरु · 03:24 – 04:30मंगल · 04:30 – 05:36सूर्य · 05:36 – 06:42

13 नव॰

दैनिक पंचांग

दिन के समय

8·1 घं 21 मि
06:42
08:02
09:23
10:44
12:05
13:26
14:46
16:07

रात के समय

8·1 घं 39 मि
17:28
19:07
20:47
22:26
00:05
01:44
03:24
05:03

दिन के समय

8·1 घं 21 मि
06:42
08:02
09:23
10:44
12:05
13:26
14:46
16:07

रात के समय

8·1 घं 39 मि
17:28
19:07
20:47
22:26
00:05
01:44
03:24
05:03
04:5605:49
11:4312:26
17:0718:47
13:2614:46
06:4208:02
09:2310:44
07:0608:46

दिन के घंटे

12·54 मि
06:42
07:36
08:29
09:23
10:17
11:11
12:05
12:59
13:53
14:46
15:40
16:34

रात के घंटे

12·1 घं 6 मि
17:28
18:34
19:40
20:47
21:53
22:59
00:05
01:11
02:18
03:24
04:30
05:36

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

13 नवंबर 2025 की तिथि क्या है?
13 नवंबर 2025 की तिथि कृष्ण नवमी है।
13 नवंबर 2025 का नक्षत्र क्या है?
13 नवंबर 2025 का नक्षत्र मघा और योग ब्रह्म है।
13 नवंबर 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
दिल्ली में सूर्योदय 06:42 पर तथा सूर्यास्त 17:28 पर होगा।
13 नवंबर 2025 को राहु काल कब है?
दिल्ली में राहु काल 13:26–14:46 के बीच रहेगा। इस दौरान महत्त्वपूर्ण नए कार्य आरंभ करने से बचा जाता है।