काली चौदस 2024
काली चतुर्दशी
बुधवार, 30 अक्टूबर 2024
गुजरात और राजस्थान में दीपावली से पहले की रात — कृष्ण चतुर्दशी की निशीथ बेला में माँ काली की पूजा कर भय और दुर्भाग्य दूर किए जाते हैं; उसी रात हनुमान जी को तेल, सिंदूर और वड़ा अर्पित किया जाता है।
पूजा मुहूर्त · निशीथ काल
23:39 – 00:30
52 मि
निशीथ काल — मध्यरात्रि — में चतुर्दशी रहते मनाया जाता है: हनुमान पूजन और अशुभ शक्तियों का निवारण।
तिथि कृष्ण चतुर्दशी 31 अक्टू॰ 15:53 तक
चान्द्र मास आश्विन (अमान्त) · कार्तिक (पूर्णिमान्त) · कृष्ण पक्ष
- सूर्योदय
- 06:31
- सूर्यास्त
- 17:37
- चंद्रोदय
- 04:27
समय नई दिल्ली, भारत के अनुसार
पूर्ण पंचांग देखेंइस दिन के अन्य पर्व
बुधवार, 30 अक्टूबर 2024 को रखे जाने वाले अन्य सभी पर्व और व्रत, प्रत्येक अपने समय के साथ।
गुजरात
काली चौदस की रात गुजरात में हनुमान जी को तेल, सिंदूर, वड़ा और मिठाई अर्पित कर दीपावली से पहले भय और बुराई से रक्षा व बल की कामना की जाती है।
मासिक शिवरात्रि
व्रत23:39 – 00:30निशीथ काल
हर कृष्ण चतुर्दशी को, जब तिथि मध्यरात्रि में हो, मनाई जाने वाली मासिक शिवरात्रि। भक्त दिन भर उपवास रखते हैं और निशीथ काल में शिवलिंग पर जल और बेलपत्र अर्पित करते हैं; माघ मास की शिवरात्रि ही महाशिवरात्रि है।
इस पर्व के आसपास के त्योहार
दस दिन पहले से दस दिन बाद तक का हर पर्व, उत्सव और व्रत — पूरा पर्व-काल एक ही पृष्ठ पर।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- 2024 में काली चौदस कब है?
- काली चौदस 2024 30 अक्टूबर 2024 को है। तिथि कृष्ण चतुर्दशी है।
- काली चौदस 2024 का पूजा मुहूर्त क्या है?
- निशीथ काल — मध्यरात्रि — में चतुर्दशी रहते मनाया जाता है: हनुमान पूजन और अशुभ शक्तियों का निवारण। 30 अक्टूबर 2024 को नई दिल्ली में {kaal} 23:39 – 00:30 है; अन्य शहरों में समय कुछ मिनट आगे-पीछे रहता है।
- काली चौदस 2024 के दिन और क्या मनाया जाता है?
- 30 अक्टूबर 2024 को हनुमान पूजा और मासिक शिवरात्रि भी मनाए जाते हैं।



